एडवांस्ड सर्च

हिंदी छायावाद युग की महत्त्वपूर्ण स्तंभ महादेवी वर्मा का जन्म 26 मार्च, 1907 को उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद में हुआ था. अपने काव्य में उपस्थित विरह वेदना और भावनात्मक गहनता के चलते ही उन्हें आधुनिक युग की मीरा कहा जाता है. जानें उनकी काव्य विशेषताओं के साथ उनके जीवन के बारे में..

Speak Now



x
Languages:    हिन्दी    English
About 30374 results (4 seconds)
'साहित्य आजतक' का आयोजन दिल्ली के इंडिया गेट स्थित इंदिरा गांधी राष्ट्रीय कला केंद्र में 16, 17 और 18 नवंबर को हो रहा है. दूसरे दिन की शुरुआत प्रसून जोशी के साथ होगी. यह महाकुंभ इस बार सौ के करीब सत्रों में बंटा है, जिसमें 200 से भी अधिक विद्वान, कवि, लेखक, संगीतकार, अभिनेता, प्रकाशक, कलाकार, व्यंग्यकार और समीक्षक हिस्सा ले रहे हैं.
होली के मौके 'आज तक' के मंच पर हास्य कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया. दरअसल होली त्योहार ही ऐसा है, जिसमें लोग सभी गमों को भुलाकर रंगों में सराबोर हो जाते हैं.
कवि शिरीष कुमार मौर्य की कविताओं से गुजरना जिंदगी, समाज, समय के साथ-साथ रंग, स्वर और शब्द के संसार से भी दो-चार होना है.

एडवांस्ड सर्च

रिलेटेड स्टोरी

No internet connection

Okay