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अहमदाबाद के वासना पुलिस स्टेशन के ASI हरपाल सिंह और सरखेज पुलिस स्टेशन के कॉन्सटेबल रोहित सिंह अब इटली में होने वाले मास्टर्स गेम्स में देश का प्रतिनिधित्व करेंगे.

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    मुकदमों के लंबित होने की वजह बुनियादी ढांचे में छिपी है. देश में जजों की संख्या जरूरत से कम है. दिसंबर 2018 तक निचली अदालतों में जजों की स्वीकृत संख्या 22750 के मुकाबले कुल कार्यरत जज 17891 (79 फीसदी) ही थे.
    भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के कार्यकारी अध्यक्ष जेपी नड्डा ने अहमदाबाद एयरपोर्ट पर पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित किया. उन्होंने कहा कि मैं आज गुजरात की धरती पर आया हूं, ये धरती दुनिया को संदेश देने वाली धरती है. ये बापू, सरदार पटेल, नरेंद्र मोदी की धरती है.
    उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और यूपी पुलिस लाख दावा कर ले कि राज्य में लॉ एंड ऑर्डर की स्थिति सुधरी है लेकिन राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग की रिपोर्ट के मुताबिक उत्तर प्रदेश अल्पसंख्यकों और दलितों के शोषण का केंद्र बना हुआ है. तीन साल में मानवाधिकार आयोग में अल्पसंख्यकों-दलितों के शोषण के जितने मामले दर्ज हुए हैं, उनमें से 43% सिर्फ उत्तर प्रदेश से हैं.
    इन दिनों एक वीडियो काफी वायरल हो रहा है, जिसमें एक शेर आराम से सड़क पार कर रहा है और बाइक सवार शख्स रुक कर उसका वीडियो ले रहा है.
    देश, दुनिया, महानगर, खेल, आर्थिक और बॉलीवुड में क्‍या कुछ हुआ. जानने के लिए यहां पढ़ें समय के साथ साथ खबरों का लाइव अपडेशन.
    सीबीआई ने समाजवादी पार्टी के पूर्व सांसद अतीक अहमद के साले जकी अहमद को गिरफ्तार किया है. यह गिरफ्तारी व्यापारी के अपहरण और जबरन वसूली के मामले में की गई है. कल सीबीआई ने लखनऊ और इलाहाबाद के 6 ठिकानों पर छापेमारी की थी.
    अल्पेश ठाकोर और धवल सिंह झाला ने राज्यसभा उपचुनाव के मतदान के बाद गुजरात विधानसभा से बतौर कांग्रेस विधायक इस्तीफा दे दिया था. दोनों विधायकों ने राज्यसभा उपचुनाव में क्रॉस वोटिंग करते हुए बीजेपी के पक्ष में वोट देने के बाद इस्तीफा दे दिया था.
    475 करोड़पति उम्मीदवारों में 313 (66 प्रतिशत) ऐसे हैं जिन्हें 50 फीसदी या इससे ज्यादा वोट मिले. चौंकाने वाली बात यह है कि कुल उम्मीदवारों में 7 विजेता ऐसे हैं जिन्होंने मात्र 2 हजार वोटों से जीत हासिल की.
    पत्रकार रही लेखिका सागरिका घोष ने अपने संदर्भों, व्याख्याओं, इतिहास के तत्वों, वर्तमान की परिस्थितियों और भविष्य की आहटों के बीच अपनी किताब Why I Am A Liberal: A Manifesto For Indians Who Believe in Individual Freedom को पांच अध्यायों में बांटा है.

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