एडवांस्ड सर्च

MPCA ने काले हिरण के शिकार के आरोपी क्रिकेटर रमीज खान को टीम से बाहर किया

इस बारे में पूछे जाने पर एमपीसीए सचिव मिलिंद कनमड़ीकर ने कहा, ‘हमने रणजी क्वार्टर फाइनल के लिये रमीज को मध्यप्रदेश की टीम में इसलिये शामिल नहीं किया, क्योंकि टीम चयन के वक्त वह काले हिरण के शिकार के मामले में जेल में बंद होने के कारण उपलब्ध नहीं थे.’

Advertisement
aajtak.in [Edited by: सूरज पांडेय]भोपाल, 01 February 2016
MPCA ने काले हिरण के शिकार के आरोपी क्रिकेटर रमीज खान को टीम से बाहर किया एमपीसीए ने किया टीम से बाहर

मध्य प्रदेश के सागर जिले में काले हिरण के शिकार के मामले में गिरफ्तारी के बाद युवा ऑलराउंडर रमीज खान को राज्य की रणजी ट्रॉफी टीम से बाहर होना पड़ा है और उनके करियर पर तलवार लटक गई है.

सेलेक्शन के वक्त जेल में था रमीज
मध्यप्रदेश क्रिकेट संगठन (एमपीसीए) ने बंगाल के खिलाफ तीन से सात फरवरी के बीच मुंबई में खेले जाने वाले रणजी क्वार्टर फाइनल के लिये प्रदेश की जो 16 सदस्यीय टीम घोषित की है, उसमें रमीज (26) का नाम हटा दिया गया है. इस बारे में पूछे जाने पर एमपीसीए सचिव मिलिंद कनमड़ीकर ने कहा, ‘हमने रणजी क्वार्टर फाइनल के लिये रमीज को मध्यप्रदेश की टीम में इसलिये शामिल नहीं किया, क्योंकि टीम चयन के वक्त वह काले हिरण के शिकार के मामले में जेल में बंद होने के कारण उपलब्ध नहीं थे.’

पिता और दो साथी भी हैं आरोपी
रमीज, उनके पिता महमूद खान और इनके दो साथियों को सागर जिले में काले हिरण के शिकार के आरोप में वन्य जीव संरक्षण अधिनियम के तहत 10 जनवरी की रात गिरफ्तार किया गया था. इनके कब्जे से संकटग्रस्त प्रजाति के इस वन्य जीव की लाश के अवशेष, राइफल, जिंदा कारतूस और चाकू भी बरामद किया गया था. रमीज के पिता महमूद खान मध्यप्रदेश के पूर्व प्रथम श्रेणी क्रिकेटर हैं. वह फिलहाल एमपीसीए की अंडर-23 पुरुष टीम की चयन समिति के सदस्य हैं.

अदालत ने खारिज की जमानत अर्जी
सागर के वन मंडलाधिकारी (डीएफओ) डॉ. शिवप्रसाद तिवारी ने बताया कि काले हिरण के शिकार के चारों आरोपियों की जमानत अर्जी अदालत खारिज कर चुकी है और वे फिलहाल न्यायिक हिरासत के तहत जेल में बंद हैं. तिवारी ने बताया कि उन्होंने पिछले महीने एमपीसीए को पत्र लिखकर कहा था कि वह काले हिरण के शिकार के गंभीर मामले में गिरफ्तार महमूद और उनके पुत्र रमीज के खिलाफ उचित कदम उठाए. बहरहाल, डीएफओ के पत्र लिखने के बावजूद एमपीसीए ने इस मामले में पिता-पुत्र पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं की है.

एमपीसीए ने नहीं दी है कोई सजा
इस बारे में पूछे जाने पर कनमड़ीकर ने कहा, ‘हम मामले में अपने वकील की राय ले रहे हैं और एमपीसीए के विधान के मुताबिक उचित कदम उठाएंगे.’ काले हिरण के शिकार में मामले में गिरफ्तार होने से पहले रमीज मध्यप्रदेश की रणजी टीम के अहम खिलाड़ियों में शामिल थे. उन्होंने प्रथम श्रेणी क्रिकेट में वर्ष 2011 में कदम रखा था. बाएं हाथ का यह बल्लेबाज मध्यप्रदेश की ओर से 26 प्रथम श्रेणी मैच खेलकर 1,169 रन बना चुका है. उन्होंने प्रथम श्रेणी क्रिकेट में आठ विकेट भी लिए हैं.

Advertisement
Advertisement

संबंधित खबरें

Advertisement

रिलेटेड स्टोरी

No internet connection

Okay