एडवांस्ड सर्च

AIADMK के दोनों धड़ों को अलग-अलग नाम और निशान मिला

ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मु्न्नेत्र कड़गम के दोनों धड़ों का नामोनिशान बदल गया है. चुनाव आयोग ने दोनों को नया नाम और निशान अलॉट कर दिया है. अब डॉ राधा कृष्णन नगर विधानसभा सीट पर हो रहे उपचुनाव में दोनों धड़े के प्रत्याशी पहली बार नए नाम और निशान से अपनी किस्मत आजमाएंगे. आयोग का कहना है कि इस विवाद पर अंतिम फैसले से पहले यह फौरी व्यवस्था की गई है.

Advertisement
संजय शर्मा [Edited By: राम कृष्ण]नई दिल्ली, 23 March 2017
AIADMK के दोनों धड़ों को अलग-अलग नाम और निशान मिला पनीरसेल्वम और शशिकला

ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मु्न्नेत्र कड़गम के दोनों धड़ों का नामोनिशान बदल गया है. चुनाव आयोग ने दोनों को नया नाम और निशान अलॉट कर दिया है. अब डॉ राधा कृष्णन नगर विधानसभा सीट पर हो रहे उपचुनाव में दोनों धड़े के प्रत्याशी पहली बार नए नाम और निशान से अपनी किस्मत आजमाएंगे. आयोग का कहना है कि इस विवाद पर अंतिम फैसले से पहले यह फौरी व्यवस्था की गई है.

चुनाव आयोग के मुताबिक AIADMK पार्टी पर अपना अधिकार जता रहा शशिकला गुट अब ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुन्नेत्र कड़गम (अम्मा) के नाम से जाना जाएगा. इसका चुनाव चिन्ह हैट यानी टोपी होगी. जबकि पनीर सेल्वम गुट को ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुन्नेत्र कड़गम पुरची थलैवी अम्मा नाम के साथ स्ट्रीट लाइट वाला खंभा निशान दिया गया है.

दोनों गुटों ने सुबह 10 बजे चुनाव आयोग के समक्ष अपने नाम और निशान के तीन विकल्प पेश किए. आयोग की बैठक में शशिकला गुट के तीन विकल्प ऑटो, बैट और हैट में से सबसे पहले विकल्प को मंजूरी मिली, लेकिन बाद में इस गुट ने अपील की कि उनको हैट दिया जाए. इस दलील को आयोग ने मंजूर कर लिया.

आठ अप्रैल को होना है उपचुनाव
तमिलनाडु की डॉ राधाकृष्णन नगर विधानसभा सीट पर आठ अप्रैल को उपचुनाव होना है. नामांकन पर्चे बृहस्पतिवार शाम तीन बजे तक भरे गए. ऐसे में अब आयोग के आदेश के बाद AIADMK के दोनों धड़ों को अलग-अलग नाम और चुनाव चिन्ह पर वोट मांगने होंगे. चुनाव आयोग ने बुधवार रात शशिकला और पनीरसेल्वम गुट के बीच बढ़े विवाद की सुनवाई के बाद अंतरिम आदेश में पार्टी का मूल नाम ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुन्नेत्र कड़गम और निशान दो पत्ती को जब्त कर लिया था.

चुनाव आयोग ने दिनभर सुनी दलीलें
बुधवार को चुनाव आयोग ने दिनभर दोनों पक्षो की दलीलें सुनी. दोनों धड़ों ने 20 हजार पेज से ज़्यादा के दस्तावेज और मौखिक दलीलें पेश की. शशिकला और TTV दिनाकरन ने पार्टी पर अपने एकाधिकार का दावा ठोका. इस बीच उन्होंने तमाम विधायकों, सांसदों और पार्टी पदाधिकारियों के अपने साथ होने की दलील दी. पार्टी महासचिव पद पर शशिकला के चुनाव को भी संविधान सम्मत बताया. वहीं, इन तमाम दलीलों को पनीरसेल्वम गुट ने खारिज कर अपनी दावेदारी पेश की. पनीरसेल्वम गुट ने शशिकला के चुनाव को मज़ाक बताया और पार्टी के नाम एवं चिन्ह पर अपना हक जताया.

आयोग ने दोनों पक्ष से चुनाव चिन्ह तय करने को कहा
आयोग ने कहा कि कुछ घंटों में न तो इतने पेज की दलीलों को पढ़ा जा सकता है और न ही उनके तथ्यों की जांच नहीं की जा सकती. पड़ताल परख करने के लिए वक्त चाहिए. जबकि तमिलनाडु की डॉ राधाकृष्णन नगर सीट पर उपचुनाव के लिए नामांकन की आखिरी तारीख 23 मार्च है और मतदान आठ अप्रैल को होने हैं. लिहाजा आयोग ने अपने अंतरिम आदेश में दोनों धड़ों से अपने-अपने नाम और फ्री सिंबल लिस्ट से चिन्ह तय कर 23 मार्च सुबह 10 बजे तक बताने को कहा था. इससे पहले चुनाव आयोग की ओर से पार्टी का नाम एवं चिन्ह जब्त किए जाने से दोनों धड़ों की नींद उड़ गई थी.

पाएं आजतक की ताज़ा खबरें! news लिखकर 52424 पर SMS करें. एयरटेल, वोडाफ़ोन और आइडिया यूज़र्स. शर्तें लागू
Advertisement
Advertisement

संबंधित खबरें

Advertisement

रिलेटेड स्टोरी

No internet connection

Okay