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तमिलनाडु में तबाही मचाने के बाद केरल पहुंचा तूफान गाजा, भारी बारिश से आफत

तूफान गाजा का कहर जारी है, तमिलनाडु में तबाही मचाने के बाद अब केरल पहुंच गया है, कई जगहों पर भारी बारिश हो रही है. बड़ी संख्या में पेड़ों का नुकसान हुआ है.

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aajtak.in
सुरेंद्र कुमार वर्मा नई दिल्ली, 18 November 2018
तमिलनाडु में तबाही मचाने के बाद केरल पहुंचा तूफान गाजा, भारी बारिश से आफत तूफान गाजा का कहर (फोटो-ट्विटर)

तूफान गाजा तमिलनाडु में तबाही मचाने के बाद अब यह केरल पहुंच गया है और राज्य के कई हिस्सों में भारी बारिश हो रही है. तमिलनाडु में तबाही के बाद राहत कार्य जोरों पर है और केंद्र की मोदी सरकार ने भी आपदा पीड़ित राज्य को हरसंभव मदद देने की बात कही है.

मौसम विभाग का कहना है कि तूफान अगले 12 घंटों में और तेज हो सकता है और यह लक्षद्वीप को पार कर गया है. इस बीच लक्षद्वीप और केरल के कई हिस्सों में भारी बारिश हो रही है.

2004 में आए सुनामी के बाद तमिलनाडु में इस तूफान ने भारी तबाही मचाई है. यह तूफान अब केरल की ओर बढ़ गया है, जिस कारण वहां पर कई जगहों पर लैंडस्लाइड, मडस्लाइड (मिट्टी धंसना) की घटनाएं हुई हैं. केरल के इडुकी जिले में काफी नुकसान हुआ है. एर्नाकुलम, कोट्टायमस कोझिकोड़, कसारगोड़ समेत कई जिलों में तेज बारिश हो रही है.

एर्नाकुलम में करीब 200 घरों को नुकसान पहुंचा है. यहां भी बड़ी संख्या में पेड़ और बिजली के खंभे उखड़ गए हैं.

तूफान को देखते हुए राज्य के मछुआरों को समुद्रतट के करीब नहीं जाने की सलाह दी गई है. गाजा तूफान की गति में कमी आई है और केरल के तट पर 40-50 किलोमीटर प्रतिघंटा के हिसाब से हवा चल रही है जो 60 किमी तक पहुंच सकती है.

वहीं तमिलनाडु में तूफान गाजा से मरने वालों की संख्या बढ़कर 36 तक पहुंच गई है. इस दौरान बड़े पैमाने पर बर्बादी भी हुई है. राज्य में 30 हजार से ज्यादा बिजली के खंभे और एक लाख से ज्यादा पेड़ों के उखड़ने की खबर है.

मुख्यमंत्री ईके पलानीस्वामी ने कहा कि तूफान का प्रभाव कम रहा क्योंकि 82 हजार लोगों को पहले ही 471 राहत केंद्रों में सुरक्षित पहुंचा दिया गया था. बहरहाल, तूफान से संबंधित घटनाओं में 33 लोगों की मौत हो गई. मुख्यमंत्री आज तूफान पीड़ित इलाकों का दौरा करने वाले हैं.

मुख्यमंत्री ने कहा कि अब तक 1,77,500 लोगों को 351 से ज्यादा शिविरों में रखा गया है जहां उन्हें सरकार द्वारा खाना और चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है. मुख्यमंत्री ने सलेम के पास वनवासी में कहा कि मवेशी और कई दूसरे जानवरों को भी इस दौरान भारी नुकसान हुआ है.

पलानीस्वामी ने कहा कि अभी के अनुमान के मुताबिक 1,27,000 पेड़ उखड़े हैं. यह संख्या बढ़ने की आशंका है. इसके साथ ही 30,000 बिजली के खंभे या तो टेढ़े हो गए हैं या गिर गए हैं. 105 विद्युत उपकेंद्र प्रभावित हुए हैं. प्रभावित इलाकों में मरम्मत के काम के लिए 10,000 लोगों को भेजा गया है.

वहीं, अभिनेता रजनीकांत ने तूफान प्रभावित लोगों को राहत सामग्री मुहैया कराने में अपनी रजनी मक्कल मंदराम के सदस्यों की उनके राहत कार्य के लिए सराहना की.

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