एडवांस्ड सर्च

बिनायक सेन को सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिली

शुक्रवार को उच्चतम न्यायालय ने मानवाधिकार कार्यकर्ता बिनायक सेन की जमानत अर्जी मंजूर कर ली. बिनायक सेन को राजद्रोह और नक्सलियों के साथ संबंध होने के आरोपों में छत्तीसगढ़ की एक अदालत ने उम्रकैद की सजा सुनाई है.

Advertisement
aajtak.in
आजतक ब्यूरोनई दिल्ली, 15 April 2011
बिनायक सेन को सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिली बिनायक सेन

शुक्रवार को उच्चतम न्यायालय ने मानवाधिकार कार्यकर्ता बिनायक सेन की जमानत अर्जी मंजूर कर ली. बिनायक सेन को राजद्रोह और नक्सलियों के साथ संबंध होने के आरोपों में छत्तीसगढ़ की एक अदालत ने उम्रकैद की सजा सुनाई है.

61 वर्षीय सेन ने छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय के आदेश को चुनौती दी थी जिसने 10 फरवरी को उनकी जमानत अर्जी को खारिज कर दिया था .

पेशे से डॉक्टर और वेल्लूर के प्रतिष्ठित क्रिस्चियन मेडिकल कॉलेज से पढ़ाई करने वाले सेन ने जमानत मांगते हुए दलील दी थी कि निचली अदालत ने उन्हें दोषी ठहराते हुए भूल की है जबकि उनके खिलाफ कोई ठोस सबूत नहीं है.

न्यायमूर्ति एच एस बेदी और न्यायमूर्ति सीके प्रसाद की पीठ ने 11 अप्रैल को सुनवाई टाल दी थी. तब छत्तीसगढ़ सरकार ने मामले में दलील देने के लिए और समय मांगा था.

पिछली सुनवाई के दौरान सेन के परिजन, पीयूसीएल के कार्यकर्ता और सेन के मामले पर निगरानी रख रहे यूरोपीय संघ के दो सदस्य मौजूद थे.

सेन की जमानत अर्जी का विरोध करते हुए प्रदेश सरकार ने अपने हलफनामे में कहा था कि सेन को कोई राहत नहीं दी जानी चाहिए क्योंकि उनके कट्टर नक्सलियों से करीबी रिश्ते हैं.

आजतक के नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट और सभी खबरें. डाउनलोड करें
Advertisement
Advertisement

संबंधित खबरें

Advertisement

रिलेटेड स्टोरी

No internet connection

Okay