एडवांस्ड सर्च

क्या है व्हाइट लेबल एटीएम

आरबीआई ने ग्रामीण क्षेत्रों और छोटे शहरों तक एटीएम की सुविधा देने के लिए चार कंपनियों को व्हाइट लेबल एटीएम (डब्ल्यूएलए) लगाने की मंजूरी दी है. इसके लिए आरबीआई ने दो साले पहले दिशा-निर्देश जारी किए थे. नए बैंक लाइसेंस के लिए जहां 26 कंपनियों ने आवेदन दिया है वहीं डब्ल्यूएलए से कंपनियां परहेज कर रही हैं.

Advertisement
आज तक वेब ब्यूरोनई दिल्ली, 18 March 2014
क्या है व्हाइट लेबल एटीएम

आरबीआई ने ग्रामीण क्षेत्रों और छोटे शहरों तक एटीएम की सुविधा देने के लिए चार कंपनियों को व्हाइट लेबल एटीएम (डब्ल्यूएलए) लगाने की मंजूरी दी है. इसके लिए आरबीआई ने दो साले पहले दिशा-निर्देश जारी किए थे. नए बैंक लाइसेंस के लिए जहां 26 कंपनियों ने आवेदन दिया है वहीं डब्ल्यूएलए से कंपनियां परहेज कर रही हैं.

सरकारी और निजी बैंकों के एटीएम की तरह व्हाइट लेबल एटीएम (डब्ल्यूएलए) भी काम करते हैं. इस बैंक की बजाय निजी या गैर- बैंकिंग वित्तीय (एनबीएफसी) लगाती है. इससे आप डेबिट और क्रेडिट कार्ट से नकद निकासी, बैलेंस की जानकारी या उन सभी सुविधाओं का उपयोग कर सकते हैं जो अन्य एटीएम में मिलती है. लेकिन 5 से ज्यादा बार कैश निकालने के बाद आपको शुल्क चुकाना होगा जो एटीएम कार्ड जारी करने वाला बैंक द्वारा तय किया जाता है. डब्ल्यूएलए संचालित करने केलिए कंपनियों को बैंकों से साझेदारी करनी पड़ती है जो लेन-देन और न्यूनतम नकद की निगरानी करती है.

आरबीआई ने दिशा-निर्देश में स्पष्ट कर रखा है कि कंपनियों को 67 फीसदी डब्यूलूएलए गांव और छोटे शहरों में लगाने होंगे.

आजतक के नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट और सभी खबरें. डाउनलोड करें
Advertisement
Advertisement

संबंधित खबरें

Advertisement

रिलेटेड स्टोरी

No internet connection

Okay