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अमृतसर हमले पर केंद्रीय मंत्री हंसराज अहीर बोले- PAK को दिया जाएगा जवाब

अमृतसर आतंकी हमले और पाकिस्तान की ओर से लगातार सीजफायर उल्लंघन की घटनाओं पर केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अहीर ने कहा कि अमृतसर में जो घटना हुई है, वह हमारे लिए चैलेंज है. हालांकि हम पाकिस्तान की हरकतों से अनजान भी नहीं है. उसको जवाब दिया जाएगा.

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राम कृष्ण/ अशोक सिंघल नई दिल्ली, 20 November 2018
अमृतसर हमले पर केंद्रीय मंत्री हंसराज अहीर बोले- PAK को दिया जाएगा जवाब हंसराज अहीर (फोटो- इंडिया टुडे आर्काइव)

अमृतसर आतंकी हमले और सीमा पर लगातार सीजफायर उल्लंघन को लेकर केंद्रीय गृह राज्यमंत्री हंसराज अहीर ने पाकिस्तान को कड़ी चेतावनी दी है. उन्होंने कहा कि पाकिस्तान को उसकी करतूत का जवाब दिया जाएगा. बता दें कि खुफिया रिपोर्ट में अमृतसर आतंकी हमले के पीछे पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई का हाथ होने की बाद सामने आई है.

अमृतसर आतंकी हमले और पाकिस्तान की ओर से लगातार सीजफायर उल्लंघन की घटनाओं पर केंद्रीय मंत्री अहीर ने कहा कि अमृतसर में जो घटना हुई है, वह हमारे लिए चैलेंज है. हालांकि हम पाकिस्तान की हरकतों से अनजान भी नहीं है. उसको जवाब दिया जाएगा. इस हमले की जांच के लिए पंजाब सरकार भी काम कर रही है और गृहमंत्री राजनाथ सिंह भी इसमें राज्य सरकार को पूरा सहयोग देने की बात कह चुके हैं.

उन्होंने बताया कि केंद्रीय एजेंसियां अमृतसर आतंकी हमले की जांच कर रही हैं. हम हर वारदात का जवाब देते हैं और आगे भी जवाब दिया जाएगा. अहीर ने कहा कि मोदी सरकार के सत्ता में आने के बाद पठानकोट हमला हुआ था और उसके बाद पाकिस्तान द्वारा यह दूसरा हमला है. पिछले साढ़े 4 साल तक अमृतसर जैसी घटना नहीं होने दी है.

हंसराज अहीर ने कहा, 'मैं इतना जानता हूं कि इसकी जांच हो रही है. पाकिस्तान बार-बार आतंकी घुसपैठ कराने की कोशिश करता है. अमृतसर की घटना से पहले अलर्ट किया गया था. दोनों सरकारें अलर्ट थीं. इसके बावजूद जिनमें  इंसानियत नहीं है, ऐसे लोगों ने निहत्थे बेकसूर लोगों पर हमला किया. यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है और शर्मनाक है. यह जल्द ही सामने आ जाएगा कि आखिर अमृतसर आतंकी हमले के पीछे कौन सा संगठन है?

जम्मू-कश्मीर के हालत का जिक्र करते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि सूबे के लोग अमन चैन से रहना चाहते हैं. जम्मू-कश्मीर चुनाव में पाकिस्तान द्वारा खलल डालने की कोशिश की जा रही है. पाकिस्तान की कोशिश है कि जम्मू-कश्मीर में चुनाव न हों और अगर बार चुनाव हो जाएं, तो अगली बार न हों. हालांकि सरकार चाहती है कि राज्य में चुनाव हों.

जम्मू-कश्मीर में सीजफायर वायलेशन पर हंसराज अहीर का कहना है कि पाकिस्तान की हरकतों से कश्मीर की जनता वाकिफ हो चुकी है।  वहां की जनता सुख शांति से जीना चाहती है. अमन चैन से रहना चाहती है, लेकिन जितना नुकसान पाकिस्तान ने कश्मीर की जनता का किया है. उतना नुकसान किसी और ने नहीं किया है. भारत सरकार है कश्मीर की सरकार है  और हम लोगों ने काफी कोशिश की है. उसके बावजूद भी  कश्मीर में पाकिस्तान  हरकतों का जवाब देने के लिए  कश्मीर की जनता को समझने की जरूरत है. उनके बच्चों की जिंदगी बर्बाद पाकिस्तान के द्वारा की जा रही है. उनके जीने के लिए शांति का माहौल नहीं बनाने दिया जा रहा है.

ISI का पूरा नेटवर्क काम कर रहा था

सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक अमृतसर ग्रेनेड हमले के पीछे ISI का पूरा नेटवर्क काम कर रहा था. इंटेलिजेंस के सूत्रों के मुताबिक जम्मू - कश्मीर में पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI ने आतंकियों को हैंड ग्रेनेड हमले के लिए तैयार किया. इसके लिए कश्मीरी मॉड्यूल का सहारा लिया गया.

कश्मीर और खालिस्तान का नया मॉड्यूल सैन्य ठिकानों और सैन्य बलों पर हैंड ग्रेनेड फेंकने और फरार होने की तकनीक में दक्ष हैं. सूत्रों के मुताबिक इस नए तरीके का सहारा लेकर पाक खुफिया एजेंसी, पंजाब में खालिस्तानी आतंकियों की मदद से लागू करने की कोशिश में जुटा हुआ है.

इंटेलिजेंस सूत्रों के मुताबिक हैंड ग्रेनेड को एक जगह से दूसरी जगह तक पहुंचाना आसान है. हैंड ग्रेनेड से होने वाले ब्लास्ट का प्रभाव भी इतना होता है कि धमाका भी हो जाता है और लोग हताहत भी हो जाते हैं. इसके साथ ही हैंड ग्रेनेड के इस्तेमाल के लिए लोकल युवाओं को ट्रेनिंग भी सोशल मीडिया और मैसेंजर एप्स के जरिए आसानी से दी जा सकती है. इसी वजह से अब ये हैंड ग्रेनेड पंजाब में आतंक का नया हथियार बनकर उभर रहा है.

सुरक्षा एजेंसियों ने दी थी रिपोर्ट

हाल ही में सुरक्षा एजेंसियों ने गृह मंत्रालय को एक रिपोर्ट दी है. इस रिपोर्ट के मुताबिक खालिस्तान समर्थक ISI की सह पर यूएई से फंड जुटा रहे हैं. इनका मकसद है कि एक बार फिर पंजाब में खालिस्तानी आतंकियों को फंडिंग कर उनको पंजाब में हिंसा के लिए भड़काया जाए. यही नहीं, खालिस्तानी गुट कुछ लोगों को यूएई के शूटिंग क्लब में हथियार चलाने की ट्रेनिंग भी देने में जुटे हुए हैं.

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